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सोयाबीन के फायदे और नुकसान हिंदी जानकारी

सोयाबीन के फायदे और नुकसान हिंदी जानकारी। Benefits And Side Effect Of Soybean In Hindi

सोयाबीन का वैज्ञानिक नाम "ग्लाईसीन मैक्स" है। सोयाबीन के फायदे अनेक प्रकार के है यह एक ऐसा सुपर-फ़ूड है जिसमें प्रोटीन बहुत अधिक मात्रा में पाया जाता है, इसके आलावा सोयाबीन में  कैल्शियम, ओमेगा 3, फाइबर जैसे तत्व मौजूद होते है जो कठिन से कठिन बीमारियों का सामना करने में सक्षम होते है। सोयाबीन का सेवन करना यह शरीर के लिए एक उत्तम आहार है। आज हम आपको खाली पेट सोयाबीन के फायदे और नुकसान के बारे में बताने जा रहे है। इसे जानने के लिए इस पोस्ट को पूरा पढ़े।  


soyabean ke fayde ,सोयाबीन के फायदे
soybean images


    सोयाबीन कैसे बनता है

    सोयाबीन यह एक दलहनी फसल है। जिसके बिज को जमीन में बोकर उगाया जा सकता है। सोयाबीन के बिज  बारीश के मौसम में बोये जाते है और फसल बड़ी होने के बाद फल्ली के आंतरी भाग में सोयाबीन  दाने के रूप में तैयार होता है जिसके बाद ठंडी के मौसम में फसल सूखने के बाद कटाई की जाती है। जानकारी के लिए बता दे सोयाबीन के पेड़ का नाम ग्लाईसीन मैक्स है यह नाम बहुत कम लोग जानते है।


    सोयाबीन में कितना विटामिन होता है 

    अक्सर लोगो के मन में का सवाल आता है की सोयाबीन में क्या पाया जाता है, सोयाबीन के फायदे क्इया है सलिए कहा जाये तो सोयाबीन एक तरह का पोष्टिक भंडार है, जिसमे कई प्रकार के पोषक तत्व, मिनरल्स, विटामिन्स और लिपिड पाये जाते है, जो शरीर के लिए बेहद फायदेमंद है। आगे जानिए 100 ग्राम सोयाबीन में कितना प्रोटीन होता है, तो आइए जानते है सोयाबीन के पोष्टिक तत्व का प्रमाण प्रति 100 ग्राम।   

     
    पोषक तत्व प्रति 100 gm मात्रा
    प्रोटीन 12.95 g
    पानी 67.5 g
    ऊर्जा 147 kcal
    कार्बोहाइड्रेट 11.05 g
    मिनरल्स
    कैल्शियम (Ca) 197 gm
    मैग्नीशियम (Mg) 65 mg
    पोटैशियम (K) 620 mg
    सोडियम (Na) 15 mg
    आयरन (Fe) 3.55 mg
    जिंक (Zn) 0.99 mg
    फास्फोरस (P) 194 mg
    विटामिन्स
    राइबोफ्लेविन 0.175 mg
    थाइमिन 0.435 mg
    विटामिन-बी 6 0.065 mg
    विटामिन-ए (RAE) 9 µg
    विटमिन-ए ,IU 180 IU
    विटामिन-सी (एस्कॉर्बिक एसिड) 29 mg
    नियासिन 1.65 mg
    लिपिड
    टोटल सैचुरेटेड (फैटी एसिड्स) 0.786 g
    टोटल मोनोसैचुरेटेड (फैटी एसिड्स) 1.284 g
    टोटल पोलयूंसैचुरेटेड (फैटी एसिड्स) 3.2 g


    सोयाबीन खाने के फायदे। Benefits Of Soybean In Hindi

    अक्सर लोग सोयाबीन के फायदे से अंजान है परंतु सोयाबीन के फायदे क्या है यह जानना बेहद जरुरी है जिससे लोगो को सोयाबीन की पोष्टिकता के बारे में पता चलने में मदत मिलती है। जानिए कैसे सोयाबीन मानव के लिए मदतगार और फायदेमंद साबित होता है। इसीलिए सोयाबीन खाने के फायदे को पूरा पढ़े  

     

    1. सोया-पनीर सोयाबीन का पनीर खाकर कैंसर से दूर रहे।

    दिन प्रतिदिन लोगो में कैंसर की बिमारीयाँ बढती ही जा रही है। ऐसे में सेहत का विशेष ध्यान रखना बेहद जरुरी है। सोयाबीन की बात करे तो आपको बता दे सोयाबीन में आइसोफ्लेवोंस नाम का रासायनिक गुण पाया जाता है इसके आलावा सोयाबीन में अधिक मात्रा में फाइबर  मौजूद होता है। यह दोनों तत्व कैंसर से बचाये रखने में मदत करते है, सोयाबीन के सेवन से कोलोन कैंसर तथा स्तन और गर्भाशय जैसी कैंसर बीमारियों से बचने में मदत करता है। कॉर्नफ्लोर के फायदे और नुकसान


     2. मानसिक संतुलन ठीक करने में मदत

    हमे जीवन में कई प्रकार के समस्याओं का सामना करना पड़ता है एसेमे दिमाग को तनाव मुक्त रखना बेहद जरुरी है।सोयाबीन के फायदों में यह एक महत्वपूर्ण बात पाई गई है की सोयाबीन दिमाग के तनाव को कम करके मानसिक संतुलन ठीक करने में मदत करता है, जिससे दिमाग तेज गति से काम करने लगता है। 


    3. दिल की बीमारी को रखे दूर

    खून में कोलेस्ट्रोल मी मात्रा बढ़ जाने से ह्रुदय की बीमारी उत्पन्न होती है। ह्रुदय के स्वस्थ के लिए सोयाबीन का महत्वपूर्ण योगदान है। इसमे मौजूद फायदेमंद वसा ( HDL) खून में कोलेस्ट्रोल की मात्रा को कम करने में मदत करता है, जिसमे पोली -अन सैचुरेटेड फैट और अन्य एंटीऑक्सीडेंट गुण पाये जाते है जो ह्रुदय विकार लोगो के लिए बेहद फायदेमंद होता है। इसके आलावा सोयाबीन में मौजूद लोसितिन (Lecithin) नाम का गुण पाया जाता है जो शरीर की नलियों में कोलेस्ट्रोल को कम करने में मदत करता है। इसी कारण डॉक्टर ह्रुदय बीमारी जैसे रोगी पीड़ित को सोयाबीन खाने की सलाह देते है।

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    4. हड्डियों के लिए सोयाबीन दूध के फायदे 

    Soyabean milk के फायदे कई प्रकार के है।आप घर पर soybean milk बनाकर सेवन कर सकते है। सोयाबीन में मौजूद कैल्शियम की मात्रा दाट और हड्डियों को मजबूत रखने में मदत करता है।आपको बता दे शरीर में अधिक कैल्शियम होने के कई नुकसान है, परंतु सोयाबीन में नियमित मात्रा में कैल्शियम पाया जाता है जो ऑस्टियो ऑर्थराएटीसी (Osteoarthritis) जैसे बीमारी से दूर रहने में मदत करता है। इसके आलावा  सोयाबीन में पोटाशियम, आयरन, फाइबर, जिंक आदि महत्वपूर्ण स्त्रोत पाये जाते है जो दाट और हड्डियों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होते है। 


    5. वजन घटाने के लिए सोयाबीन के फायदे  

    अमेरिकन मेडिकल  इंस्टिट्यूट रिसर्च के माध्यम द्वारा यह पता चलता है की सोयाबीन में पाये जाने वाले  गुण जैसे विटामिन-बी, आयरन और मैग्नीशियम शरीर की चर्बी तथा वजन घटाने के लिए बेहद फायदेमंद है। इसके आलावा सोयाबीन में प्रोटीन और फाइबर की मात्रा अधिक होती है जिससे शरीर की एनर्जी बनी रहती है और आपको लंबे समय तक भूक नही लगती जिसके कारण शरीर की बढती चर्बी को रोकने में मदत मिलती है। 


    6. सोयाबीन मजबूत मासपेशीयों के लिए   

    अक्सर लोग जिम तथा व्यायाम करने के बाद मस्पेशिया मजबूत बना ने के लिए प्रोटीन का सेवन करना पसंद करते है। आपकी जानकारी के लिए बता दे सोयाबीन प्रोटीन का  एक अच्छा स्त्रोत है, जिससे शरीर की  मासपेशीयों को मजबूती रखने में मदत मिलती है। इसलिए अधिकतर लोग सोया मिल्क ( Soya-Milk) का सेवन करते है जिससे  मासपेशीयों तथा  शरीर में एनर्जी बनाये रखने में मदत मिलती है।


    7. ऐनीमिया से बचने के लिए सोयाबीन के फायदे 

    जैसा की आप सभी जानते है खून में आयरन की कमी होने के कारण यह ऐनीमिया जैसे रोगों को उत्पन्न होते है। एसेमे शरीर में आयरन की मात्रा बढ़ाना बेहद जरुरी है। सोयाबीन यह आयरन का अच्छा स्त्रोत है, जिसमे दूध से भी अधिक मात्र में आयरन पाया जाता है। इसके आलावा सोयाबीन में विटामिन-बी, विटामिन-सी और फॉलिक एसिड पाया  जाता है जो खून को जमने से रोकते है। 


    8. सोयाबीन लीवर के लिए फायदेमंद 

    लीवर शरीर की सबसे बड़ी ग्रंथि है जो हमारे पाचन तंत्र को सुचार रूप से चलने में मदत करती है। अक्सर धुम्रपान, बिअर, दारू का अधिक सेवन करने से लीवर कमजोर हो जाता है और लीवर के साथ साथ कई बीमारियों का सामना करना पड़ता है। एसेमे लीवर के स्वस्थ के लिए सोयाबीन यह एक महत्वपूर्ण घटक है। आपको बता दे कच्चे सोयाबीन तेल में लिसिथिन (Lecithin) नामक मुख्य घटक पाया जाता है जो लीवर की बीमारी को दूर रखने में मदत करता है।   


    9. काले और घने बालो के लिए सोयाबीन के फायदे

    सोयाबीन में भरपूर मात्र में पोषक तत्व पाये जाये है जिसमे फाइबर, आयरन, विटामिन-बी और विटामिन-सी पाये जाते है जो बालो के लिये  सटीक पोषण का काम करते है और मिनरल्स बालो को कला और घना रखने के लिए फायदेमंद है। इसके आलावा  सोयाबीन में मौजूद आयरन की मात्रा बालो को झड़ने से बचाती है और बालो को मजबूती प्रदान करने में मदत करता है।


    10. प्रेगेनेंट महिलाओ के लिए सोयाबीन फायदेमंद

    इसके आलावा शोधकर्ताओ में एक अध्ययन में पाया गया की सोयाबीन में पाये जाने वाले तत्व विटमिन-बी कॉम्प्लेक्स और फॉलिक ऐसिड यह प्रेगेनेंट महिलाओं के लिए बहुत फायदेमंद साबित होता है। आपको बता दे प्रेगेनेंट महिलाओ में अक्सर होने वाले बर्थ डिफेक्ट्स से बचाने में सोयाबीन बहुत फायदेमंद है।
    note:- प्रेगेनेंट महिला को सोयाबीन का सेवन करने से पहले डॉक्टर की सलाह अवश्य ले।


    11. उच्च रक्तचाप के लिए सोयाबीन के फायदे 

    नेशनल लाइब्रेरी ऑफ़ मेडिसिन के अनुसार जाचं किये हुए सोयाबीन प्रोटीन के परिणाम में सिस्टोलिक और डायस्टोलिक रक्तचाप कम मात्रा में पाया गया जिससे ये साबित होता है की सोयाबीन प्रोटीन का सेवन उच्च रक्तचाप ( High Blood Pressure) को कम करने  में मदत करता है।


    12. अंकुरित सोयाबीन खाने के अन्य फायदे

    • पेट में मौजूद कीड़े, जंतु तथा हानिकारक बैक्टेरीया को नष्ट करने के लिए सोयाबीन के छाच का सेवन बहुत फायदेमंद है।
    • सोयाबीन में एंटी-इंफ्लेमेटरी व कोलेजन की मात्रा आपके चेहरे हो निखारने में मदत करती है जिसे चेहरा खिल- खिला और जवान दिखाई देता है।
    • सोयाबीन में फाइटोएस्ट्रोजन नामक गुण पाया जाता है जो एस्ट्रोजन का एक प्रकार है जिससे अच्छी नींद आने में मदत मिलती है।
    • सोयाबीन में भरपूर मात्र में आयरन पाया जाता है, जिससे शरीर में खून की पूर्ति होने में मदत मिलती है। 

    • सोयाबीन में कई मिनरल्स और पोषक तत्व पाये जाते है जो कमजोर व्यक्ति के लिए बेहद फायदेमंद है।


    सोयाबीन खाने का तरीका 

    सोयाबीन खाने के कई तरीके है। आप विभिन्न तरिकोसे सोयाबीन का सेवन क्र सकते है। इसके लिए पहले सोयाबीन को 3-4 घंटे पानी में भिगोकर रखे। भीगने के बाद यह सोयाबीन काफी मुलायम और नरम महसूस होगा। अब आप भीगे हुए सोयाबीन का इस्तमाल निचे दिए गये स्वरूप में कर सकते है।
    • छोटे 3-4  चम्मच  सोयाबीन सलाद में  शामिल करके प्रोटीन की मात्र बढाये।
    • आप आपनी मनपसंद सब्जी में भी सोयाबीन मिलाकर खा सकते है। 
    • सोयाबीन का दूध निकालकर उसमे थोड़ी शक्कर और स्वाद के लिए चॉकलेट पाउडर मिलाकर सेवन कर सकते है। 
    • आप सोयाबीन के पनीर का भी सेवन कर सकते है। सोयाबीन के पनीर को "टोफू" भी कहते है।
    • "सोयाबीन बड़ी" का सेवन करे। यह बड़ी, सोयाबीन के छिलके से बनाई जाती है जो की मार्केट में आसानीसे मिल जाती है।
    • आप "सोयाबीन स्नैक्स" का सेवन भी कर सकते है, जो मार्केट में सोया स्टिक ( Soya Sticks) के नाम से उपलब्ध है। 
    • इसके आलावा आप कच्चे सोयाबीन को तवे पर हलका गरम करे, जैसे सोयाबीन का रंग काला पड़ने में शुरवात होती है उस समय गैस बंद कर दे। यह खाने में बहुत स्वदिष्ट होता है।

    एक दिन में सोयाबीन का सेवन कितना करना चाहिये 

    सोयाबीन यह शरीर के लिए पोषक तत्व का अच्छा स्त्रोत है इसमे भरपूर मात्रा में विटामिन्स, मिनरल्स, फैटी एसिड्स पाये जाते है जो शरीर के लिए बेहद फायदेमद पाये जाते है। परंतु किसी भी वस्तु का ज्यादा सेवन करनेसे  शरीर के लिए हानिकारक साबित हो सकता है। इसलिए अमेरिकन मेडिकल रिसर्च के अनुसार रोजाना अपने आहार में 30 - 40  ग्राम सोयाबीन का सेवन कर सकते है, जिससे आपके शरीर को चुस्त और तंदुरुस्त रहने में मदत मिलती है। 


     सोयाबीन क्यों नही खाना चाहिए 

    अभीतक आपने सोयाबीन के फायदे के बारे में पढ़ा लेकिन क्या आप जानते है सोयाबीन का नियमित रूप से सेवन ना करने से आपको कई समस्याओ का सामना करना पड़ सकता है। इसीलिए सोयाबीन के नुकसान के बारे में जानना जरुरी है। आगे जानिए सोयाबीन खाने के नुकसान के हिंदी में 

     सोयाबीन खाने के नुकसान। Side Effects Of Soybean In Hindi

    आमतौरपर किये गये अध्यायन के अनुसार सोयाबीन के फायदे के साथ साथ सोयाबीन का सेवन दीर्घकाल  करना यह पर्याप्त रूप से ग्योग्य नही पाया गया है। लेकिन अगर आप सोयाबीन का सेवन कर रहे है तथा सोयाबीन की एलर्जी से दूर रहना चाहते है तो सप्ताह में 2-3 दिन सोयाबीन का सेवन करे, इस प्रकार सेवन करने से शरीर पर कोई दुष्प्रभाव नही होगा। इसके आलावा भोजन में प्रोटीन की मात्र बढ़ाने के लिए और संतृप्त वसा की खपत (consumption of saturated fats) को कम करने के लिए सोयाबीन मदत करता है जिससे आपका स्वास्थ ठीक रखने में मदत मिल सकती है। 


    1. पुरुषो में शुक्राणु कम होने की संभावना

    एक अध्यायन के अनुसार पाया गया है की, जो पुरुष सोयाबीन दूध का अधिक सेवन करते है उन पुरुषों में हार्मोन्स की असंतुलित विकसित होने की संभावना पाई जाती है क्योकि सोयाबीन में एस्ट्रोजन-मिमिकिंग नाम का घटक पाया जाता है, जिसकी वजह से पुरुषो में शुक्राणु उत्पन्न होने की संख्या कम हो जाती है जिससे पुरुषों में बांझपन, यौन रोग जैसे समस्याओ का सामना करना पपड़ सकता है। इसके आलावा वृद्धि में कैंसर होने की संभावना बढ़ जाती है।बता दे सोयाबीन के नुकसान में यह मुद्दा विशेष चर्चा में है।


    2. थायरॉयड ग्रंथि के लिए सोयाबीन हानिकारक 

    इसके आलावा सोयाबीन में कुछ मात्रा में  एंटी-थायराइड जैसे घटक पाये जाते है, जो थायरॉयड ग्रंथि की गतिविधि में रुकावट पैदा कर सकते है जिसका परिणाम शरीर के अन्य हार्मोनल गतिविधि की चलन में बाधा बन सकता है।


    3. किडनी के लिए सोयाबीन हानिकारक 

    सोयाबीन में फीटोएस्ट्रोजन नाम का घटक पाया जाता है, यह घटक कोई नुकसान नही पोहचता परंतु जिस व्यक्ति पहले से ही किडनी तथा डायलिसिस (Dialysis) जैसे भीमारी से पीड़ित है उनके लिए यह "फीटोएस्ट्रोजन" नाम का घटक जहर समान है। 


    4. डायबिटीज के लिए  सोयाबीन हानिकारक

    यदि आप पहले से ही डायबिटीज से पीड़ित है और इसके लिए दवाईयों का सेवन करते है, तो सोयाबीन का सेवन करना तुरंत बंद दीजिये। क्योकि आपके लिये यह सोयाबीन नुकसान दायक हो सकता है। 


    अक्सर सोयाबीन के बारे लोगो द्वारा पूछे गये कुछ सवाल 

    1. सोयाबीन का सबसे बड़ा उत्पादक देश कौनसा है

    संयुक्त राज्य अमेरिका सबसे बड़ा सोयाबीन उत्पादक का देश है जिसमे प्रति वर्ष लगभग 108 मिलियन मीट्रिक टन उत्पादन  पाया जाता है, जो विश्व का लगभग 60% सोयाबीन का उत्पादन करता है। जिसके बाद ब्राज़ील सोयाबीन उत्पादक में दुसरे स्थान पर है।

    2. जानिए 8 सबसे बड़े सोयाबीन उत्पादक देश

    विश्व के यह 8 देशो में सोयाबिन का सर्वाधिक उत्पादन पाया जाता है, जो निचे क्रम नुसार बताया गया है। 

      1. अमेरिक  (108 मिलियन मीट्रिक टन)
      2. ब्राज़ील    (86।6 मिलियन मीट्रिक टन)
      3. अर्जेंटीन  (53।4 मिलियन मीट्रिक टन) 
      4. चाइना    (12।2 मिलियन मीट्रिक टन)
      5. भारत     (10।5 मिलियन मीट्रिक टन)
      6. प्रगुया     (10।2 मिलियन मीट्रिक टन)
      7. कनाडा   (6।0 मिलियन मीट्रिक टन)
      8. यूक्रेन     (3।9 मिलियन मीट्रिक टन)

      3. भारत देश में सोयाबीन उत्पादन में प्रथम राज्य कोनसा है


      सर्भावाधिक सोयाबीन उत्पादक देशो में भारत 5 वे स्थान पर है इसके आलावा भारत देश में सोयाबीन का स्र्वाधिक उत्पादन मध्यप्रदेश  राज्य में पाया जाता है जिसके बाद महाराष्ट्र, राजस्थान का स्थान आता है सोयाबीन उत्पादन इस प्रकार है मध्यप्रदेश (50%), महाराष्ट्र (46%), राजस्थान (41%) 

      आज हमने क्या सिखा

      जैसा की आपने पढ़ा स्वस्थ के लिए सोयाबीन के फायदे कई है परंतु किसी भी वस्तु का अधिक सेवन करना यह शरीर के लिए हानिकारक साबित हो सकता है सोयाबीन का सेवन करते वक्त घबराने की कोए जरूरत नही है आप निश्चिन्त होकर  सोयाबीन का नियमित रूप से सेवन करे और अगर आप किसी अन्य बीमारी से पीड़ित है तो सोयाबीन का सेवन करने से पहले डॉक्सटर की सलाह जरुर ले



       उम्मीद करता हु दोस्तों हमारा लिखा गया "सोयाबीन खाने के फायदे और नुकसान हिंदी जानकारी" यह पोस्ट आपको पसंद आय होगा। कमेन्ट में जरुर बताये।


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